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लोकतंत्र किसे कहते हैं? (What is Democracy?)

नागरिक शास्त्र (Civics) और राजनीति विज्ञान में, 'लोकतंत्र' सबसे भारी और सबसे महत्वपूर्ण शब्द है। भारत दुनिया का सबसे विशाल और सबसे भारी लोकतांत्रिक देश है। लेकिन इसका असली, व्याकरणिक और व्यावहारिक अर्थ क्या है?

Question (Click to Flip)

प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष लोकतंत्र क्या है?

Answer

जब भारी जनता सीधे संसद में बैठकर खुद भारी कानून बनाए, तो वह 'प्रत्यक्ष' (Direct) लोकतंत्र है (जैसे स्विट्ज़रलैंड में)। जब जनता अपने भारी विधायकों/सांसदों को चुनकर दिल्ली भेजे और वे कानून बनाएं, तो वह 'अप्रत्यक्ष' (Indirect) लोकतंत्र है (जैसे भारी भारत में)।

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Key Facts

दुनिया का सबसे पहला और सबसे प्राचीन भारी लोकतंत्र (Ancient Democracy) ग्रीस (यूनान) के विशाल 'एथेंस' (Athens) शहर में पैदा हुआ था।

1. लोकतंत्र का शाब्दिक भारी अर्थ

लोकतंत्र शब्द दो भारी शब्दों से मिलकर बना है:

  • लोक: जिसका भारी अर्थ है 'जनता' (लोग / Public)।
  • तंत्र: जिसका भारी अर्थ है 'शासन' (सिस्टम / Rule)।
  • अतः लोकतंत्र का सीधा और विशाल अर्थ है: 'जनता का शासन' (Rule of the People)। अंग्रेज़ी में इसे Democracy (डेमोक्रेसी) कहते हैं।

2. अब्राहम लिंकन की अमर विशाल परिभाषा

अमेरिका के 16वें राष्ट्रपति अब्राहम लिंकन ने लोकतंत्र की दुनिया की सबसे भारी, सबसे मशहूर और अमर परिभाषा दी थी, जो हर छात्र को रटी होनी चाहिए:

  • "लोकतंत्र जनता का, जनता के द्वारा, और जनता के लिए शासन है।"
  • (English: Democracy is the massive government of the people, by the people, for the people.)

3. राजतंत्र (Monarchy) और लोकतंत्र में भारी अंतर

  • राजतंत्र: राजा का शासन। राजा का भारी बेटा ही अगला राजा बनेगा, चाहे वह कितना भी मूर्ख या जालिम हो। जनता कुछ नहीं कर सकती।
  • लोकतंत्र: यहाँ कोई राजा नहीं होता। यहाँ की भारी जनता अपने विशाल वोट (मतदान) की ताकत से अपने नेता (जैसे प्रधानमंत्री) को खुद चुनती है। अगर नेता भारी भ्रष्टाचार या गंदा काम करता है, तो जनता के पास उसे 5 साल बाद वोट से उखाड़ फेंकने की भारी और हिंसक ताकत होती है।

Questions and Answers

प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष लोकतंत्र क्या है?+

जब भारी जनता सीधे संसद में बैठकर खुद भारी कानून बनाए, तो वह 'प्रत्यक्ष' (Direct) लोकतंत्र है (जैसे स्विट्ज़रलैंड में)। जब जनता अपने भारी विधायकों/सांसदों को चुनकर दिल्ली भेजे और वे कानून बनाएं, तो वह 'अप्रत्यक्ष' (Indirect) लोकतंत्र है (जैसे भारी भारत में)।

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